श्रम मंत्रालय का सर्वे: अप्रैल-जून तिमाही में नौ क्षेत्रों ने दिए तीन करोड़ लोगों को रोजगार

बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Tue, 28 Sep 2021 01:41 AM IST

सार

केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव ने सोमवार को सर्वे रिपोर्ट जारी करते हुए बताया कि 2013-14 में जारी छठे आर्थिक सूचकांक के मुकाबले इस साल की पहली तिमाही में 29 फीसदी ज्यादा रोजगार पैदा हुए। श्रम ब्यूरो ने संगठित व असंगठित क्षेत्र के नौ सेक्टर से तिमाही आंकड़े जुटाकर यह सर्वे तैयार किया है।
पहली तिमाही में बढ़ा रोजगार (सांकेतिक तस्वीर)
पहली तिमाही में बढ़ा रोजगार (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

चालू वित्तवर्ष की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में आईटी-बीपीओ, विनिर्माण सहित नौ क्षेत्रों ने कुल 3.08 करोड़ रोजगार दिए हैं। श्रम मंत्रालय की ओर से कराए सर्वे में बताया गया कि यह आंकड़ा 2013-14 की समान तिमाही के 2.37 करोड़ रोजगार के मुकाबले 29 फीसदी ज्यादा है।
विज्ञापन


केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव ने सोमवार को सर्वे रिपोर्ट जारी करते हुए बताया कि 2013-14 में जारी छठे आर्थिक सूचकांक के मुकाबले इस साल की पहली तिमाही में 29 फीसदी ज्यादा रोजगार पैदा हुए। श्रम ब्यूरो ने संगठित व असंगठित क्षेत्र के नौ सेक्टर से तिमाही आंकड़े जुटाकर यह सर्वे तैयार किया है। इसमें कृषि क्षेत्र को शामिल नहीं किया गया है।


सर्वे में विनिर्माण, निर्माण, शिक्षा, व्यापार, यातायात, स्वास्थ्य, होटल-रेस्तरां, आईटी-बीपीओ और वित्तीय सेवा क्षेत्र शामिल हैं। ये सभी आंकड़े बेहद पारदर्शिता और जिम्मेदारी से जुटाए हैं। इसका मकसद देश के हर क्षेत्र में रोजगार की वास्तविक स्थिति का आकलन का सरकार की ओर से चलाई जाने वाली जनकल्याणकारी योजनाओं को समाज के अंतिम पायदान तक पहुंचाना है। सर्वे में पता चला है कि पिछले साल लॉकडाउन के दौरान (25 मार्च से 30 जून तक) 81 फीसदी कर्मचारियों को पूरा वेतन दिया गया।

किस क्षेत्र में कितना रोजगार
विनिर्माण        41 फीसदी
शिक्षा             22 फीसदी
स्वास्थ्य           8 फीसदी
व्यापार            7 फीसदी
आईटी-बीपीओ 7 फीसदी

आईटी-बीपीओ में सबसे ज्यादा तेजी
सर्वे के मुताबिक, पहली तिमाही के दौरान आईटी-बीपीओ में सबसे ज्यादा 152 फीसदी वृद्धि रही। इसके अलावा स्वास्थ्य क्षेत्र में 77 फीसदी, शिक्षा में 39 फीसदी, विनिर्माण में 22 फीसदी, यातायात में 68 फीसदी, वित्तीय सेवा क्षेत्र में 48 फीसदी और निर्माण क्षेत्र में 42 फीसदी वृद्धि दर्ज की गई। हालांकि, व्यापार क्षेत्र में पहले के मुकाबले 25 फीसदी गिरावट आई, जबकि होटल-रेस्तरां क्षेत्र को भी 13 फीसदी कमी झेलनी पड़ी। 

90 फीसदी संस्थानों में 100 से कम कर्मचारी
सर्वे में शामिल 90 फीसदी संस्थानों में 100 से भी कम कर्मचारी काम कर रहे थे, जबकि आर्थिक सूचकांक-6 के दौरान यह आंकड़ा 95 फीसदी था। हालांकि, आईटी-बीपीओ क्षेत्र के 35 फीसदी संस्थानों मेें कम से कम 100 कर्मचारी जबकि 13.8 फीसदी संस्थानों में 500 से ज्यादा कर्मचारी कार्यरत रहे। स्वास्थ्य क्षेत्र में भी 18 फीसदी संस्थानों में 100 से ज्यादा लोग तैनात रहे। हालांकि, महिला कर्मचारियों की संख्या 2013-14 के 31 फीसदी के मुकाबले घटकर 29 फीसदी रही। 

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और बजट 2020 से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
  • Downloads

Follow Us

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00