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Jigar Muradabadi

इरशाद

सुनें जिगर मुरादाबादी की मशहूर नज़्म- साक़ी की हर निगाह पे बल खा के पी गया 

अमर उजाला, काव्यडेस्क, नई दिल्ली

5229 Views
साक़ी की हर निगाह पे बल खा के पी गया 
लहरों से खेलता हुआ लहरा के पी गया 

बे-कैफ़ियों के कैफ़ से घबरा के पी गया 
तौबा को तोड़-ताड़ के थर्रा के पी गया 

ज़ाहिद! ये तेरी शोख़ी-ए-रिन्दा ना देखना 
रहमत को बातों बातों में बहला के पी गया  आगे पढ़ें

दुनिया-ए-एतबार को ठुकरा के पी गया 

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