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मेधावी छात्र सम्मान समारोह: सीएम के हाथों से मिला सम्मान तो करनाल के विद्यार्थियों के खिले चेहरे

अमर उजाला ब्यूरो, करनाल (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Mon, 26 Sep 2022 04:26 AM IST
सार

रोहतक के एमडीयू स्थित राधाकृष्णन सभागार में रविवार को अमर उजाला मेधावी छात्र सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। जिसमें जिले के 10वीं और 12वीं के मेधावी विद्यार्थियों को प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने सम्मानित किया।

सम्मानित हुए करनाल जिले के टॉपर्स।
सम्मानित हुए करनाल जिले के टॉपर्स। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार

मुख्यमंत्री के हाथों सम्मान पाकर विद्यार्थी खुशी से झूम उठे। अभिभावकों की खुशी का भी ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने कहा कि सम्मान पाकर वे खुद को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से कहा कि परीक्षा में बेहतर स्थान पाकर उन्होंने प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। इस दौरान विद्यार्थियों में जबरदस्त उत्साह नजर आया। 



प्रथम - कृति दीनदयाल
संकाय - कला, 494 अंक
आठ घंटे की पढ़ाई कर पाया मुकाम
बस्तली निवासी कृति दीनदयाल को पढ़ने के लिए उनके अंकल फार्म कंपनी के मैनेजर राजेश ने प्रेरित किया। किसान कर्म सिंह और गृहिणी संतोष की बेटी का जिले में पहला और प्रदेश में तीसरा स्थान है। कृति ने बताया कि उसका आईएएस अफसर बनने का सपना है। ताकि वह लोगों की समस्या का समाधान कर सके। खेलों में भी वह कई पुरस्कार जीत चुकी है। रोजाना आठ घंटे तक उसने पढ़ाई की। सिविल सर्विसेज की तैयारी भी शुरू कर दी है।


द्वितीय - आंचल
संकाय - कॉमर्स, 492 अंक
महिला सुरक्षा के लिए आईपीएस अफसर बनने की चाहत
गांव डेरा मुंडीगढ़ी निवासी किसान पिता कुशल पाल और गृहिणी मां पुष्पा रानी की बेटी आंचल ने 11वीं तक पढ़ाई मोमबत्ती जलाकर की है। उनके गांव में रात को बिजली कट लगते हैं, इसलिए बोर्ड कक्षा की पढ़ाई के लिए पिता ने इन्वर्टर लगवाया। आंचल का महिला सुरक्षा के लिए आईपीएस अफसर बनने का सपना है। इसके लिए वे तैयारी कर रही हैं। रोजाना रात आठ से दो बजे तक वे पढ़ाई करती थीं। बिजनेस स्टडी में 100, हिंदी में 99, अंग्रेजी और एकाउंटेंसी में 98 अंक हैं।

तृतीय - खुशी
संकाय - विज्ञान, 490 अंक
इंग्लैंड से पढ़ाई करके बनना है डॉक्टर
नाना के घर रह रही खुशी का इंग्लैंड में पढ़ाई करके डॉक्टर बनने का सपना है। मेडिकल क्षेत्र के खराब हालात उन्हें डॉक्टर बनने के लिए प्रेरित करते हैं। वह मानवता की सेवा करना चाहती है। बचपन से ही वह अपने नाना के घर रहती है। 2020 में दसवीं के परीक्षा परिणाम में भी वे जिले में तीसरे स्थान पर थीं। छात्रा ने बताया कि बिना ट्यूशन वे केवल दिन में पढ़ाई करती थी, रात को पूरी नींद लेती थी। अंग्रेजी और कैमेस्ट्री में 99, भौतिकी में 98 अंक हैं।

चौथा - रितु
संकाय - कॉमर्स, 485 अंक
आईएएस बनकर करूंगी देश सेवा 
छात्रा रितु ने बताया कि उसका आईएएस बनकर देश सेवा करने का सपना है। उसके पिता सुनील कुमार दुकानदार और सोनिया गृहिणी है। जिन्होंने 12वीं कक्षा में बेहतर अंक लाने के लिए प्रेरित किया। अभी उसने ओपन से पढ़ाई के लिए कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से फार्म भरा है। इसके साथ ही टेस्ट पास करने के लिए कोचिंग शुरू की है। 

सीएम मनोहर लाल ने साथ सम्मान पाने वाले मेधावी।
सीएम मनोहर लाल ने साथ सम्मान पाने वाले मेधावी। - फोटो : अमर उजाला
पांचवां - ज्योति
संकाय - कॉमर्स, 484 अंक 
सॉफ्टवेयर इंजीनियर बनकर समझूंगी कंप्यूटर की बारीकी 
छात्रा ज्योति ने बताया कि उसका सॉफ्टवेयर इंजीनियर बनने का सपना है। उसे कंप्यूटर से लगाव है। ऐसे में वह कंप्यूटर की बारीकी समझना चाहती है। जोे सॉफ्टवेयर इंजीनियर बनने में मददगार साबित होगी। पिता रमेश शर्मा मजदूर हैं और माता मंजू रानी गृहिणी हैं। 

कक्षा 10वीं
नाम - शगुन रानी

प्रथम - 494 अंक
व्यवस्था में बदलाव की करूंगी पहल
शगुन रानी कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में जिले में प्रथम रही। कुटेल निवासी पिता राजेंद्र कुमार और मां स्नेहलता की बेटी ने आईएएस अफसर बनने का सपना देखा है। छात्रा ने रोजाना पांच घंटे पढ़ाई करके सफलता पाई। उनका कहना है कि जनता से जुड़े व्यवस्था में कई बदलाव होने जरूरी हैं। सोशल साइंस में 100, विज्ञान, गणित और हिंदी में 99 अंक हैं।

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नाम - पूजा
प्रथम - 494
सेल्फ स्टडी के बल पर पाई सफलता
पूजा भी कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में जिले में प्रथम रही। बिजना निवासी पिता विनोद और मां मीना की बेटी ने सेल्फ स्टडी के बल पर सफलता पाई है। छात्रा का डॉक्टर बनने का सपना है। डॉक्टर बनकर मानवता की सेवा करना चाहती हैं। गणित और फिजिकल एजूकेशन में 100, हिंदी में 99 और अंग्रेजी में 98 अंक हैं।

नाम - तनु रावल
प्रथम - 494
डॉक्टर बनने का है सपना
छात्रा तनु रावल भी कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में प्रथम रही। घरौंडा निवासी पिता रघुबीर सिंह और मां शर्मिला देवी की बेटी भी डॉक्टर बनना चाहती है। छात्रा ने रोजाना आठ घंटे पढ़ाई की। माता-पिता का सपना बेटी को डॉक्टर बनाने का है। हिंदी में 100, फिजिकल एजूकेशन में 99, विज्ञान, अंग्रेजी व गणित में 98 अंक हैं।

नाम - अन्नू देवी
द्वितीय - 493
इंजीनियर बनकर करेंगी नई तकनीक इजाद
कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम में दूसरे स्थान पर रही अन्नू देवी का सपना इंजीनियर बनने का है। वे इंजीनियर बनकर नई तकनीक इजाद करेंगी। निगदू निवासी सुल्तान सिंह और रेखा देवी की इस बेटी ने स्कूल के अलावा रात के समय में पढ़ाई करके सफलता पाई। गणित और फिजिकल एजूकेशन में 100, अंग्रेजी में 99, साइंस और हिंदी में 97 अंक हैं।

नाम - निशिका
तृतीय - 491
आईएएस अफसर बनने के लिए शुरू की तैयारी
जैनपुर साधान निवासी निशिका कक्षा दसवीं में तीसरे स्थान पर थी। पिता सुखदेव और मां प्रवीन कौर की बेटी ने दिनरात मेहनत करके पढ़ाई की। छात्रा आईएएस अफसर बनना चाहती है। इसके लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी है। पंजाबी में 99, गणित, अंग्रेजी, विज्ञान और हिंदी में 98 अंक हैं।

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नाम - वंशिका
तृतीय - 491
रोजाना एक घंटा प्रत्येक विषय को दिया
जैनपुर साधान निवासी वंशिका भी परीक्षा परिणाम में तीसरे स्थान पर रही। मामूराम और सलमा की बेटी डॉक्टर बनना चाहती है। रोजाना एक घंटा प्रत्येक विषय को दिया। उनका कहना है कि योजना बनकर पढ़ाई करने से विषय आसान लगता है। पंजाबी, विज्ञान और गणित में 100, हिंदी में 96 और अंग्रेजी में 95 अंक हैं।

नाम - जैसमीन
तृतीय - 491
विज्ञान के क्षेत्र में बहुत काम किए जाने की जरूरत
गांव जांबा निवासी जैसमीन वैज्ञानिक बनना चाहती है। उसका कहना है कि विज्ञान के क्षेत्र में बहुत काम किए जाने की जरूरत है। पिता सुशील कुमार और रीना की बेटी ने सुबह जल्दी उठकर सेल्फ स्टडी के बल पर सफलता पाई है। दूसरों को भी ऐसे ही पढ़ने का संदेश दिया। छात्रा के गणित में 100, अंग्रेजी में 99, संस्कृत और हिंदी में 98 अंक हैं।

नाम - अंकिता राणा
तृतीय - 491
मानवता की सेवा के लिए बनेगी चिकित्सक
दसवीं कक्षा के परीक्षा परिणाम में तीसरे स्थान पर रही अंकिता राणा भी डॉक्टर बनना चाहती है। कुटेल निवासी अशोक कुमार और मोनिका की बेटी का कहना है कि डॉक्टर पेशे में कई बदलाव जरूरी है। मानवता की सेवा के नाते वे इस पेशे में आएंगी। रोजाना आठ घंटे पढ़ाई की। अंग्रेजी और हिंदी में 99, संस्कृत और सोशल साइंस में 98 अंक हैं।
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