बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP
विज्ञापन
विज्ञापन
बुधवार को बन रहा है सिद्ध योग, इन 4 राशि वालों को मिलेगी बड़ी कामयाबी
Myjyotish

बुधवार को बन रहा है सिद्ध योग, इन 4 राशि वालों को मिलेगी बड़ी कामयाबी

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Digital Edition

हरियाणा सरकार सख्त: अवैध खनन में लगे वाहन होंगे जब्त, मालिकों पर एफआईआर होगी दर्ज

हरियाणा में अवैध खनन में लगे वाहनों को जब्त कर मालिकों पर एफआईआर दर्ज की जाएगी। खान एवं भू-विज्ञान मंत्री मूलचंद शर्मा ने मंगलवार को विभाग और पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों को वाहन जब्त के ऑर्डर भी जल्द से जल्द पास करवाने को कहा। शर्मा ने चंडीगढ़ में खान एवं भू-विज्ञान व पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।

उन्होंने अधिकारियों को कर्मचारियों की भर्ती प्रक्रिया में भी तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस विभाग के अधिकारियों को कहा कि इनफोर्समेंट विंग के तहत पद सृजित कर कुछ अधिकारियों व कर्मचारियों को डेपुटेशन पर खान एवं भू-विज्ञान विभाग में भेजा जाए ताकि वहां खनन सामग्री की चोरी तथा अवैध खनन को रोका जा सके। 

खनिज की चोरी व अवैध खनन की गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए एक टास्क फोर्स बनाई जाए, नोडल अधिकारी लगाए जाएं व उनकी ड्यूटी माइनिंग ऑफिसर के साथ लगाएं। बैठक के दौरान शर्मा के संज्ञान में लाया गया कि जो वाहन जब्त किए जाते हैं, उन्हें थानों में खड़ा किया जाता है। अब थानों में वाहन खड़े करने की जगह नहीं है, जिसके चलते कई बार वाहनों को छोड़ना भी पड़ता है। इस पर मंत्री ने अधिकारियों को आश्वासन देते हुए कहा कि इसके लिए जल्द ही समुचित जगह की व्यवस्था कर ली जाएगी।

उन्होंने कहा कि विभाग में बड़े पैमाने पर सुधार कार्य किए जा रहे हैं, जिन्हें धरातल पर आने में समय लगेगा। उन्होंने दक्षिण हरियाणा में खनन गतिविधियां शुरू करने पर बल देते हुए कहा कि वहां पर खनन कार्य न होने के चलते पड़ोसी राज्यों को सीधा लाभ हो रहा है। प्रदेश में खानों का शत-प्रतिशत प्रारंभिक सर्वेक्षण करवाया जा चुका है जबकि ई-नीलामी के मॉड्यूल को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
... और पढ़ें
खान एवं भू-विज्ञान मंत्री मूलचंद शर्मा। खान एवं भू-विज्ञान मंत्री मूलचंद शर्मा।

कोरोना: हरियाणा में 20 की मौत, 150 संक्रमित मिले, 80 लाख के करीब पहुंचा टीकाकरण का आंकड़ा

हरियाणा में मंगलवार तक 7969595 लोगों का टीकाकरण हो चुका है। बता दें कि मेगा ड्राइव के चलते सोमवार को योग दिवस पर 627136 लोगों को टीकाकरण किया गया था और कुल संख्या 7659624 तक पहुंच गई थी। इसके अलावा, शेष डाटा जोड़ना रह गया था। मंगलवार को जारी बुलेटिन के अनुसार, 309971 लोगों का टीकाकरण हुआ है।

बता दें कि इससे पहले प्रदेश में वैक्सीनेशन की गति धीमी चल रही थी। केंद्र की ओर से वैक्सीन भी कम मिल रही थी लेकिन सोमवार को मेगा ड्राइव के बाद इसमें गति आई है। अब तक गुरुग्राम में सबसे अधिक 1233160 लोगों का वैक्सीनेशन हो चुका है, जबकि सबसे कम नूंह में 96575 का टीकाकरण हुआ है।

150 से नीचे नए केस, 20 की मौत
मंगलवार को प्रदेश में कोरोना के 146 नए केस मिले हैं, जबकि 20 मरीजों की मौत दर्ज की गई। वहीं, एक ही दिन में 263 मरीज ठीक होकर घर लौटे। ऐसे में एक्टिव केसों की संख्या घटकर 2200 रह गई है। एक दिन की संक्रमण दर 0.46, दूसरी लहर की 12.07 और कुल संक्रमण दर 7.85 प्रतिशत रह गई है।
... और पढ़ें

कैप्टन पत्नी पर शक करता था स्क्वाड्रन लीडर पति, बेडरूम में लगाए थे कैमरे, मौत के बाद भाई ने किए बड़े खुलासे

रेसकोर्स के जिस सरकारी आवास में कैप्टन साक्षी अपनी स्क्वाड्रन लीडर पति नवनीत के साथ रह रही थीं। उसके बेडरूम में सीसीटीवी कैमरे लगे थे। इसे नवनीत मोबाइल एप के जरिये ऑपरेट करता था। साक्षी के भाई सौरभ ने बिलखते हुए यह खुलासा किया। उन्होंने कहा कि नवनीत शकी था और इसीलिए उसने ऐसा किया। सौरभ के अनुसार, घटना के बाद जब नवनीत का मोबाइल चेक किया तब तक उसने एप डिलीट कर कर दी थी। इतना ही नहीं उनकी फुटेज तक डिलीट कर दी है ताकि उस दिन का सच किसी के सामने न आ सके। 29 वर्षीय साक्षी फरवरी 2017 में मिलिट्री नर्सिंग सर्विसेज में लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्ति हुई थीं। करीब एक साल पहले वह कैप्टन बनी थीं। नवनीत के साथ उसका विवाह अंतरजातीय था। सौरभ के अनुसार हमने बहन की शादी में खूब दहेज दिया। शादी के अगले ही दिन कपड़े व पैसों को लेकर नवनीत व उसके परिवार वालों ने उसकी बहन को शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
... और पढ़ें

घर में पसरा मातम: काम नहीं मिलने से परेशान था युवक, बाइक से पेट्रोल निकाल खुद को आग लगा जान दी

गांव डबकौली कलां में सोमवार रात करीब ढाई बजे 20 वर्षीय युवक अजय ने संदिग्ध हालात में पेट्रोल छिड़क कर खुद को आग लगा ली। किसी तरह परिजनों ने आग बुझाई और उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 

पुलिस और परिजनों का कहना है कि काम न मिलने के कारण कई दिनों से अजय परेशान चल रहा था। इसी के चलते उसने सुसाइड कर लिया। मृतक के पिता गुरनाम सिंह ने पुलिस को बताया कि उसका बड़ा बेटा अजय पहले पड़ोस के गांव चोरा में ट्रैक्टर चलाता था लेकिन पिछले कई दिनों से वहां काम छोड़ चुका था। 

सोमवार रात 2:30 बजे अजय ने घर के बाहर गली में बाइक से पेट्रोल निकालकर अपने ऊपर छिड़क लिया और आग लगा ली। जब वह चिल्लाने लगा तो हम जाग गए और पड़ोसी भी बाहर आ गए। उन्होंने अजय पर कपड़ा और पानी डालकर आग पर काबू पाया। पिता गुरनाम ने बताया कि उसके दो बेटे और एक बेटी है।

बड़ा बेटा अजय था और छोटा बेटा सागर है। अजय ही घर में कमाने वाला था। इस मामले में ब्याना चौकी इंचार्ज बलराज सिंह का कहना है कि शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। परिजनों का कहना है कि अजय काम न मिलने से परेशान चल रहा था। इस मामले की जांच की जा रही है।
... और पढ़ें

हरियाणा: पानीपत के विनोद बैनिवाल को आतंकियों ने किया अगवा, ढाई माह बाद भी नहीं हुई रिहाई, विदेश मंत्रालय प्रयास में जुटा

मृतक अजय की फाइल फोटो।
अफ्रीकी देश मोजंबिक में अगवा विनोद बैनिवाल को छुड़ाने के प्रयास में भारत सरकार जुट गई है। विदेश मंत्रालय ने मोजंबिक सरकार से जल्द विनोद को छुड़वाने की मांग की है। मोजंबिक में मौजूद भारतीय राजदूत ने वहां की सरकार से वार्तालाप शुरू कर दिया है। पानीपत के सांसद संजय भाटिया भी लगातार विदेश मंत्रालय के संपर्क में हैं और विदेश मंत्री से मांग कर रहे हैं कि मोजंबिक सरकार पर दबाव बनाया जाए और आतंकियों के चंगुल से विनोद बैनिवाल को मुक्त कराया जाए।

विनोद बैनिवाल के परिवार ने फ्रांस की प्राकृतिक गैस प्लांट कंपनी में संपर्क कर स्थिति जानी है। कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि भारत सरकार ने मोजंबिक सरकार को मामले को प्राथमिकता से लेने का दबाव बढ़ा दिया है। जल्द विनोद बैनिवाल की रिहाई हो सकती है। मोजंबिक सरकार भी आतंकियों से संपर्क कर विनोद को छुड़ाने का प्रयास कर रही है।

पानीपत के समालखा के बैनीवाल मोहल्ले की रहने वाली सीमा देवी ने बताया कि उसके पति विनोद को अफ्रीकी देश मोजंबिक के पालमा शहर से आतंकवादी संगठन ने करीब ढाई माह पहले अगवा किया था। दो और भारतीयों को अगवा किया गया है। वह लगातार सरकार से अपील कर रहे हैं कि उसके पति को आतंकवादियों के चंगुल से छुड़ाया जाए।

छह वर्ष पहले विनोद बैनीवाल वर्क वीजा पर मोजंबिक गए थे, वहां पर फ्रांस की कंपनी का प्राकृतिक गैस प्लांट है। विनोद कंपनी में बतौर ब्रांच मैनेजर मोजंबिक के पालमा शहर में कार्यरत थे। विनोद के छोटे भाई सतेंद्र का साला मनोज और साढू जयपाल भी मोजंबिक के दूसरे शहर में काम करते हैं। 24 मार्च को पालमा शहर पर आईएसआईएस से जुड़े आतंकवादी संगठन ने हमला किया था। आतंकी संगठन ने तीन भारतीय कर्मचारियों को अगवा किया था। एक कर्मचारी को आतंकियों ने फिरौती लेकर छोड़ दिया, एक कर्मचारी की आतंकियों ने हत्या कर दी थी। 

24 मार्च को पूछी परिवार की राजीखुशी
सीमा देवी ने बताया कि 24 मार्च को विनोद से आखिरी बार बात हुई थी। उन्होंने बच्चों के हालचाल और शिक्षा के बारे में बात की। उसके बाद से संपर्क नहीं हो सका। पत्नी सीमा देवी ने बताया कि 20 अप्रैल को आतंकियों ने विनोद को छोड़ने की एवज में एक बिलियन डॉलर की मांग की है।
... और पढ़ें

खौफनाक: पत्नी का गला घोंट फंदे पर झूल गया पति, बदबू आने पर हुआ खुलासा, सुसाइड नोट में वजह भी लिख गया

पहले पति के साथ रिश्ता रखने और वीडियो के जरिए ब्लैकमेल किए जाने से तंग आकर दूसरे पति ने पत्नी की गला घोंटकर हत्या कर दी और फिर खुद फंदा लगाकर जान दे दी। दूसरे पति का शव पंखे से झूलता मिला जबकि पत्नी का शव बेड पर पड़ा मिला। बेड पर ही तीन पेज का सुसाइड नोट भी मिला, जिससे पता चला कि वारदात 20 जून की है।

पुलिस को वारदात का पता मंगलवार की दोपहर 12 बजे कंट्रोल रूम में आए फोन कॉल से लगा। दरअसल, मॉडल टाउन के शांति नगर के जिस मकान में दंपती रहता था, उसकी मकान मालकिन ने छत पर कपड़े सुखाने के दौरान कमरे से आ रही बदबू पर पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस ने दोनों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं। 

गांव आसन कलां निवासी कृष्ण ने बताया कि उनका छोटा बेटा मनोज (27) रिफाइनरी में ठेका कंपनी के तहत काम करता था। वर्ष 2020 की 19 जनवरी को सोनीपत निवासी आशा उर्फ रानी (38) के साथ उसने लव मैरिज की थी। शादी के बाद बेटा और बहू गांव में रहने लगे। कुछ दिन तक सब ठीक रहा लेकिन फिर बहू ने बेटे पर घरेलू हिंसा करने का आरोप लगाते हुए थर्मल पुलिस चौकी में शिकायत दी थी। 
... और पढ़ें

हरियाणा: बदला स्कूलों का समय और प्रताड़ना से तंग लेफ्टिनेंट फांसी पर झूली... पढ़ें प्रदेश की बड़ी खबरें 

हरियाणा: टूटे-फूटे घर में रहने को मजबूर देश की ये चैंपियन बेटी, विधायक ने की पांच लाख रुपये की सहायता

सीसर खास गांव की सुनीता कश्यप ने अंतरराष्ट्रीय पावर स्ट्रेंथ वेट लिफ्टर के रूप में अपनी पहचान तो बना ली है लेकिन उनका परिवार आज भी आर्थिक तंगी से जूझ रहा है। वह अत्यंत विषम परिस्थितियों में खुद को साबित करने में लगी हैं। पिता मजदूरी करते हैं तो मां शादियों में रोटियां बनाने जाती हैं और वहीं से घर का खाना लाती हैं। इतनी समस्याओं के बावजूद सुनीता मेडल लाती हैं और देश-दुनिया में गांव का नाम रोशन कर रही हैं।
  
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पावर स्ट्रेंथ वेट लिफ्टिंग में मेडल जीतने वाली सुनीता बताती हैं कि उन्हें अभी तक कोई सरकारी सहायता नहीं मिली है। जब भी खेल के लिए फीस भरनी होती है या फिर कहीं जाना होता है तो उनके पिता कर्ज लेकर इसकी व्यवस्था करते हैं। उन्होंने कई बार नौकरियों के लिए फार्म भी भरे लेकिन चयन नहीं हुआ। 

वह जिला, राज्य तथा राष्ट्रीय स्तर पर कई मेडल जीत चुकी हैं। हाल ही में उन्होंने थाईलैंड में हुई विश्व चैंपियनशिप में भी गोल्ड मेडल जीता है। सुनीता के पिता ईश्वर का कहना है कि वह मजदूरी करके बेटी के सपनों को पूरा करने का प्रयास कर रहे हैं। उनके चार बच्चे हैं। बड़ा बेटा शादी के बाद अलग रहता है। उसके बाद सुनीता और उसके दो छोटे भाई हैं। 
... और पढ़ें
Election
  • Downloads

Follow Us

विज्ञापन