लोगों को नहीं मिल रही 2डीजी ड्रग: अभी भी 'हवा' में ही है डीआरडीओ की बनाई गई एंटी कोविड दवा

आशीष तिवारी, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Harendra Chaudhary Updated Thu, 27 May 2021 07:12 PM IST

सार

दवा बनाने वाली कंपनी डॉ रेड्डीज ने गुरुवार को दस हजार दवाओं की दूसरी खेप को खुले बाजार और अस्पतालों में उतारने की बात कही। लेकिन यह दवा बाजार में कहां पर उपलब्ध है इसकी जानकारी ना तो ऑल इंडिया केमिस्ट एसोसिएशन को है ना ही देश की राजधानी दिल्ली और मुंबई के बड़े खुदरा दवा व्यापारियों को...
DRDO की बनाई देसी कोरोना दवा 2DG
DRDO की बनाई देसी कोरोना दवा 2DG - फोटो : Agency (File Photo)
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

कोरोना से बचाव को लेकर डीआरडीओ की बनाई गई दवा अभी भी 'हवा' में ही है। कहने को तो डीआरडीओ की दवा बनाने वाली कंपनी ने गुरुवार को दवाओं की नई खेप को बाजार में लॉन्च कर दिया। लेकिन हकीकत यह है कि खुले बाजार में अभी भी यह दवा ढूंढे नहीं मिल रही है। कोविड के मरीजों के तीमारदारों से लेकर सामान्य लोग भी इस दवा को लेकर देशभर के अलग-अलग राज्यों के मेडिकल स्टोरों पर धक्के खा रहे हैं।
विज्ञापन

कभी कैंसर के मरीजों पर इस्तेमाल की जाने वाली दवा को डीआरडीओ ने विकसित कर कोरोना के इलाज के लिए तैयार किया है। दवा के तैयार होने के बाद से ही इसे लेकर तमाम तरीकों की परेशानियां मरीजों के सामने आने लगीं। क्योंकि दवा बनाने के बाद डीआरडीओ और डॉ. रेड्डीज लैबोरेट्रीज ने इस तरीके से इसका प्रचार प्रसार किया कि यह दवा मरीजों के लिए रामबाण है। इस महामारी में लोगों ने इस दवा के लिए केमिस्ट शॉप से लेकर अस्पतालों तक में जुगाड़ लगाने शुरू कर दिए। लेकिन पहली बार लांच की गई इस दवा की महज दस हजार खुराकें ही तैयार की गई थीं, जो देश के कुछ चुनिंदा अस्पतालों में कुछ मरीजों के लिए ही तय थीं।

दवा बनाने वाली कंपनी डॉ रेड्डीज ने गुरुवार को दस हजार दवाओं की दूसरी खेप खुले बाजार और अस्पतालों में उतारने की बात कही। गुरुवार को ही देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सेहत एप को लॉन्च किया, तो डीआरडीओ के अधिकारियों ने तय किया कि डॉ रेड्डीज लैब देश में एंटी कोविड ड्रग 2-DG की दूसरी खेप को भी लांच करे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक डॉ रेड्डीज ने दस हजार दवाओं की खेप को गुरुवार को लांच करने की बात कही। लेकिन यह दवा बाजार में कहां पर उपलब्ध है इसकी जानकारी न तो ऑल इंडिया केमिस्ट एसोसिएशन को है न ही देश की राजधानी दिल्ली और मुंबई के बड़े खुदरा दवा व्यापारियों को।

ऑल इंडिया केमिस्ट एसोसिएशन के सदस्य विकास रस्तोगी कहते हैं कि वह डॉक्टर रेड्डीज की दवाओं का स्टॉक रखते हैं। लेकिन उनके पास अभी तक इस तरीके की कोई भी दवा नहीं पहुंची है। विकास रस्तोगी के मुताबिक इससे पहले भी जो दवा अस्पतालों में लांच की गई थी, वह भी बाजार में नहीं आई। विकास ने सवाल उठाते हुए कहा कि देश के 130 करोड़ की आबादी में दस हजार दवाओं की लॉन्चिंग का कोई मतलब ही नहीं बनता।

मुंबई के मलाड़ इलाके के दवा कारोबारी और महाराष्ट्र केमिस्ट एसोसिएशन के श्रीधर वाड़वालकर कहते हैं कि उनके पास भी अभी तक इस दवा की उपलब्धता नहीं है। श्रीधर ने भी इस दवा की लॉन्चिंग पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर वास्तव में इस दवा को जनहित में लॉन्च करना है तो उसकी संख्या दस हजार नहीं बल्कि करोड़ों में होनी चाहिए। ऑल इंडिया केमिस्ट एसोसिएशन से जुड़े श्रीधर का मानना है कि अगर दवाओं की उत्पादन क्षमता उतनी नहीं है तो उसे बहुत ज्यादा प्रचारित प्रसारित भी नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा इस महामारी के दौरान हर व्यक्ति उस दवा की खोज में है जो उसे या उसके मरीज को ठीक कर दे। क्योंकि डीआरडीओ और डॉ रेड्डीज ने इस दवा को बेहतरीन मेडिसिन के तौर पर प्रोजेक्ट करते हुए लांच किया, इसलिए इस दवा की पूरे देश में पहले ही मांग बढ़ गयी। वे कहते हैं इतनी डिमांड वाली दवा का उत्पादन अगर दस हजार ही होगा तो उसका कोई मतलब नहीं बनता।

ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया के कार्यालय से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि इस दवा को आपात परिस्थितयों में इस्तेमाल के लिए मंजूरी मिली है। वह कहते हैं की दवा की उपलब्धता दवा बनाने वाली कंपनी ही तय करती है। क्योंकि उनके महकमे का इस मामले में सीधा दखल नहीं है इसलिए वह इस बात को लेकर कुछ नहीं कह सकते हैं कि बाजार में दवा कब तक आ जाएगी।
विज्ञापन

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
  • Downloads

Follow Us

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00