साहित्य और सिनेमा में ऊंचा दर्जा हासिल करने वाले विशिष्ट रचनाकार थे गोपाल सिंह नेपाली

हिंदी का वह कवि जिसे गीतों का राजकुमार कहा गया...
                
                                                             
                            ''दो वर्तमान का सत्य सरल
                                                                     
                            
सुंदर भविष्य के सपने दो
हिंदी है भारत की बोली
तो अपने आप पनपने दो।"


कलम की स्वाधीनता के लिए आजीवन संघर्षरत रहे, गीतों के राजकुमार गोपाल सिंह नेपाली। धारा के विपरीत चलकर हिन्दी साहित्य, पत्रकारिता और सिनेमा में ऊंचा दर्जा हासिल करने वाले विशिष्ट कवि और गीतकार थे। बिहार के पश्चिमी चम्पारण जिले के बेतिया में 11 अगस्त 1911 को जन्मे गोपाल सिंह नेपाली की काव्य प्रतिभा बचपन में ही दिखाई देने लगी थी। काफी पहले उन्होंने लिखना शुरू कर दिया था। उनका मूल नाम गोपाल बहादुर सिंह था। उनकी कविताओं में राष्ट्रप्रेम, प्रकृति प्रेम, रोमांस सबकुछ दिखाई देता है। राष्ट्रवादी चेतना भी उनकी कविता में कूट-कूटकर भरी थी।  आगे पढ़ें

3 weeks ago

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