आज का शब्द: कृतज्ञ और हरिवंशराय बच्चन की कविता- क्या करूँ संवेदना लेकर तुम्हारी

आज का शब्द- कृतज्ञ और हरिवंशराय बच्चन की कविता: क्या करूँ संवेदना लेकर तुम्हारी
                
                                                             
                            'कृतज्ञ' का अर्थ होता है- अपने साथ किया हुआ उपकार मानने वाला या एहसान मानने वाला। अमर उजाला 'हिंदी हैं हम' शब्द श्रृंखला में आज का शब्द है- कृतज्ञ। प्रस्तुत है हरिवंशराय बच्चन की कविता: क्या करूँ संवेदना लेकर तुम्हारी
                                                                     
                            

क्या करूँ संवेदना लेकर तुम्हारी?
क्या करूँ?

मैं दुखी जब-जब हुआ
संवेदना तुमने दिखाई,
मैं कृतज्ञ हुआ हमेशा,
रीति दोनो ने निभाई,
किन्तु इस आभार का अब
हो उठा है बोझ भारी;
क्या करूँ संवेदना लेकर तुम्हारी?
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1 week ago
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