ख़ुदा की राह में अब रेल चल गई ‘अकबर’
जो जान देना हो अंजन से कट मरो इक दिन

तंग इस दुनिया से दिल दौरे-फ़लक़ में आ गया
जिस जगह मैंने बनाया घर, सड़क में आ गया

पाकर ख़िताब नाच का भी ज़ौक़ हो गया
‘सर’ हो ग...और पढ़ें
11 hours ago
                                                                           सीधी नजर हुई तो सीट पर बिठा गए
टेढी हुई तो कान पकड़ कर उठा गये।

सुन कर रिजल्ट गिर पडे़ दौरा पड़ा दिल का
डाॅक्टर इलेक्शन का रियेक्शन बता गये ।

अन्दर से हंस रहे है विरोधी की मौत पर
ऊपर से ग्लीसरीन के आ...और पढ़ें
11 hours ago
                                                                           हर ज़ुल्म तेरा याद है भुला तो नहीं हूँ
ऐ वादा फ़रामोश मैं तुझ सा तो नहीं हूं

साहिल पे खड़े हो तुम्हें क्या ग़म चले जाना
मैं डूब रहा हूं अभी डूबा तो नहीं हूं 

चुपचाप सही मस्लहतन वक़्त के हाथों
मजबूर स...और पढ़ें
11 hours ago
                                                                           गिरते उभरते डूबते धारे से कट गया 
दरिया सिमट के अपने किनारे से कट गया 

मौसम के सर्द-ओ-गर्म इशारे से कट गया 
ज़ख़्मी वजूद वक़्त के धारे से कट गया 

क्या फ़र्क़ उस को जड़ से उखाड़ा गया जिसे 
टुकड़े किया...और पढ़ें
16 hours ago
                                                                           'हिंदी हैं हम' शब्द श्रृंखला में आज का शब्द है- देख-रेख, जिसका अर्थ है- देख-भाल, निरीक्षण या निगरानी। प्रस्तुत है अशेष श्रीवास्तव की कविता- ये ज्वालामुखी क्या अचानक ही फूट जाता है

ये ज्वालामुखी क्या
अचानक ही फूट जाता है...और पढ़ें
7 hours ago
                                                                           डूबते सूरज जैसा मंज़र लगता है
हिज्र में बोझल आँखों से डर लगता है
~ नाशिर नक़वी
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14 hours ago
                                                                           फ़्रेंच लेखिका ऐनी अर्नो को इस साल साहित्य के क्षेत्र में नोबेल सम्मान देने की घोषणा हुई है। 82 साल की ऐनी लेखिका होने के साथ-साथ साहित्य की प्रोफ़ेसर भी हैं। उनका अधिकतर साहित्यिक काम समाजशास्त्र पर है। यह नोबल सम्मान उन्हें साहित्य में साहस के लिए...और पढ़ें
                                                
13 hours ago
                                                                           एक बार खबर उड़ी
कि कविता अब कविता नहीं रही
और यूं फैली
कि कविता अब नहीं रही !

यकीन करनेवालों ने यकीन कर लिया
कि कविता मर गई
लेकिन शक करने वालों ने शक किया
कि ऐसा हो ही नहीं सकता
और इस तर...और पढ़ें
12 hours ago
                                                                           बाकी सब
आकर्षण है ,लालसा है
मोह है ,छलावा है, काम है
पर, सच तो ये है कि प्रेम बेनाम है।

प्रेम निर्गुण है, निर्लज्ज है, निराकार है
फिर भी प्रेमियो के ह्रदय में साकार है

जिस ह्रदय में प्रेम नहीं...और पढ़ें
15 hours ago
                                                                           रास्ता  देखते  थे   नयन   राम  का 
आज हो ही गया आगमन राम का !

राह की हर शिला फिर अहिल्या हुई
केवटों  ने  चरण  धूल  प्रभु की छुई
पूर्ण  श्रद्धा  भरा  हर  सुमन राम का
आज  हो  ही  गया आगमन राम का !
...और पढ़ें
11 hours ago
                                                                           न जाने कितने आँखों ने सपने देखने छोड़ दिए ,
न जाने कितने दिलों ने ख्वाहिशें बुनने छोड़ दिए l
न जाने कितने बढ़ते कदम थम गए ,
न जाने कितने हँसी के ठहाके सहम गए l
न जाने कितनों ने अपने सपने खुद तोड़ दिए ,
न जाने कितनों...और पढ़ें
16 hours ago
                                                                           कैसी अजब व्यथा है
सन्नाटे में सारा जहाँ
और अपनी ही चीखों में तुम खोई हो।

ओढ़ रखा है खुशनुमा चोला
भीतर कैसा भंवर चला
और आज भी टूटकर तुम रोई हो।

देख तस्वीर अपनी पुरानी
कौन सा शहर बनाने लगी...और पढ़ें
8 hours ago
                                                                           कहाँ दिखता है अपने अन्दर का रावण,
कहाँ मरता है अपने अन्दर का रावण,
जलाने चले हैं हम पुतले रावण को,
रावण,कुम्भकर्ण,मेघनाथ सब मिल जाएँगे,अपने अन्दर तो झाँको।

त्रेतायुग में रावण ने हरा माता सीता को,
आज हर गली म...और पढ़ें
15 hours ago
                                                                           इंसान जिन्हें कहते,
इंसान ही होते ।
ऐ काश कि दुनिया में,
मज़हब नहीं होते ।।

डाॅ फौज़िया नसीम शाद...और पढ़ें
12 hours ago
                                                                           मौन और एकान्त, आत्मा के सर्वोत्तम मित्र हैं। 
- विनोबा भावे ...और पढ़ें
11 hours ago
                                                                           निकल पड़ा उन राहों पर
चुकाने उन एहसानो का कर
करने उस ईल्लत से समर
बसाने वो अरमानों का शहर ।।
तैयार हूं अब सहने को अजाब
उतार दिया वो शर्म-ओ-हया का हिजाब
छोड़ दिया उस मैख़ाने को
मिटा दिया उस पैमाने को...और पढ़ें
16 hours ago
                                                                           कुछ चीज़ें मेरे हाथ में नहीं हैं,
वरना मैं कब की बदल देता,
मैं किसी को देता अपनी कोई शाम,
मैं किसी को अपना कल देता...
किसी को देता सुकून की कोई रात,
किसी को अपना हर पल देता,
मैं किसी को देता अपनी कोई शामऔर पढ़ें
12 hours ago
                                                                           जेपी आंदोलन के प्रणेता,
छात्र-युवा समर्थित नेता,
जननायक थे जयप्रकाश,
लोकनायक थे सबके खास।

समाजवादी दर्शन के विद्वान,
स्वाधीनता सेनानी जेपी महान,
गांधीवादी दर्शन के प्रवर्तक,
सर्वोदय आंदोलन के स...और पढ़ें
15 hours ago
                                                                           अपनी क़िस्मत को हम कहां रखते ।
कैसे कोई उम्मीद-ए- दर खुला रखते ।।

डाॅ फौज़िया नसीम शाद...और पढ़ें
12 hours ago
                                                                           कुछ दुआ का असर नहीं दिखता ।
आप दिल से दुआ नहीं करते ।।

डाॅ फौज़िया नसीम शाद...और पढ़ें
12 hours ago
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