अजब-गजब: कहानी एक ऐसे खतरनाक वैज्ञानिक प्रयोग की, जिसमें एक-दूसरे का मांस खाने लगे थे लोग

फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नवनीत राठौर Updated Mon, 02 Aug 2021 05:21 PM IST
प्रतीकात्मक तस्वीर
1 of 7
विज्ञापन
दुनियाभर में तमाम तरह के एक्सपेरिमेंट (प्रयोग) होते रहते हैं। हालांकि, इनमें से कुछ के बारे में लोगों का पता होता है, जबकि कुछ गुप्त रूप से ही किए जाते हैं। कुछ इसी तरह का ही एक एक्सपेरिमेंट 1940 के दशक में किया गया था, जिसके बारे में जानकर लोगों की रूह कांप जाती है। इस एक्सपेरिमेंट को 'रशियन स्लीप एक्सपेरिमेंट' के नाम से जाना जाता है।
 
आपको बता दें कि इस एक्सपेरिमेंट के लिए जेल में बंद पांच कैदियों के साथ एक डील की गई और उनसे कहा गया कि अगर वो इसका हिस्सा बनते हैं, तो एक्सपेरिमेंट खत्म होने के तुरंत बाद उन्हें छोड़ दिया जाएगा। इसके लिए उन्हें बताया गया कि 30 दिन तक उन्हें बिना सोए रहना होगा, जिसके लिए कैदी राजी हो गए। इसके बाद उन्हें एक एयर टाइट चैंबर में बंद कर दिया गया और उसमें एक गैस डाल दी गई, जिससे कैदियों को नींद ना आए और वैज्ञानिक यह देख सकें कि इसका उनपर क्या प्रभाव पड़ता है।
जेल (प्रतीकात्मक तस्वीर)
2 of 7
शुरुआत में तो सबकुछ ठीक था। सारे कैदी आराम से एक दूसरे से बातें करते रहते थे। उनकी बातों को वैज्ञानिक रिकॉर्ड भी करते रहते थे और साथ ही एक कांच के जरिए उनपर नजर भी बनाए हुए थे। करीब एक हफ्ते तक तो सारे कैदियों की हालत ठीक थी, लेकिन उसके बाद उनकी हालत बिगड़ने लगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
3 of 7
कैदियों ने धीरे-धीरे एक दूसरे से बात करना बंद कर दिया। वो बैठे-बैठे अपने आप ही कुछ-कुछ बोलते रहते थे। ऐसे ही 10 दिन बीत गए। फिर जैसे ही 11वां दिन आया, एक कैदी अचानक जोर-जोर से चिल्लाने लगा। वह इतनी तेज-तेज चिल्ला रहा था कि कहते हैं कि उसकी वोकल कॉर्ड फट गई थी। इसमें सबसे चौंकाने वाली बात ये थी कि उसके चिल्लाने का बाकी कैदियों पर कोई भी प्रभाव नहीं पड़ा।
प्रतीकात्मक तस्वीर
4 of 7
कैदियों की हालत देखकर वैज्ञानिकों ने इस एक्सपेरिमेंट को रोकने का फैसला किया। उन्होंने 15वें दिन कैदियों वाले चैंबर में वो गैस नहीं डाली, जिसकी मदद से कैदियों को सोने से रोका जाता था। लेकिन इसका उल्टा ही प्रभाव पड़ा। सारे कैदी अचानक से चिल्लाने लगे और कहने लगे कि हमें बाहर मत निकालो, हम बाहर नहीं आना चाहते। इस बीच चैंबर में ही एक कैदी की मौत भी हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
5 of 7
जब एक्सपेरिमेंट कर रहे वैज्ञानिकों ने कैदियों की हालत को देखा, तो उनके होश ही उड़ गए। उन्होंने देखा कि कैदियों के कई अंगों से मांस गायब हो गए थे, सिर्फ उनकी हड्डियां ही दिख रही थीं। उन्हें देखने पर ऐसा लग रहा था जैसे वो एक दूसरे का या अपना ही मांस खाने लगे थे।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Bizarre News in Hindi related to Weird News - Bizarre, Strange Stories, Odd and funny stories in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Bizarre and more news in Hindi.

विज्ञापन
  • Downloads
    News Stand

Follow Us

  • Facebook Page
  • Twitter Page
  • Youtube Page
  • Instagram Page
  • Telegram
एप में पढ़ें

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00