बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP
विज्ञापन
विज्ञापन
ग्रह दोष होंगे समाप्त, इस सावन करवाएं विशेष नवग्रह पूजन, फ़्री में, अभी बुक करें
Myjyotish

ग्रह दोष होंगे समाप्त, इस सावन करवाएं विशेष नवग्रह पूजन, फ़्री में, अभी बुक करें

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

From nearby cities

विज्ञापन
Digital Edition

ढाई साल की बच्ची के अपहरण, हत्या के आरोपी की जमानत नामंजूर

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अलीगढ़ के टप्पल क्षेत्र में ढाई साल की अबोध बच्ची का षड्यंत्र के तहत अपहरण कर जघन्य हत्या करने के आरोपी मेंहदी हसन की दूसरी जमानत अर्जी खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा कि सह अभियुक्तों को जमानत देते समय हत्या की प्रकृति पर विचार नहीं किया गया।

बच्ची के शरीर पर कई चोटें होना, पैर की हड्डी टूटना, पसली दबी होना, शरीर के अंग गायब होने का पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा किया गया है। बहुत ही जघन्य अपराध किया गया है। ऐसे में जमानत पर रिहा करने का कोई औचित्य नहीं है। यह आदेश न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा ने मेहंदी हसन की दूसरी जमानत अर्जी पर दिया है। अपर शासकीय अधिवक्ता विकास सहाय ने जमानत अर्जी का विरोध किया।

 याची के भाई ने मृतक बच्ची के पिता से लोन लिया था। वापस मांगने पर जाहिद, असलम, सुस्ता व मेहंदी हसन ने आपराधिक साजिश की। 30 मई 19 को बच्ची घर से लापता हो गई और दो जून को उसकी लाश मिली। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या में क्रूरता का खुलासा हुआ। याची का कहना था कि सह अभियुक्त जाहिद वह अन्य की जमानत मंजूर कर ली गई है। इसलिए याची को भी जमानत पर रिहा किया जाए। कोर्ट ने अपराध की जघन्यता को देखते हुए जमानत देने से इंकार कर दिया है। संवाद
... और पढ़ें

स्टेशन पर मजिस्ट्रेट ने लगा दी अदालत, फैसला ऑन द स्पॉट

रेलवे स्टेशन पर रेलवे मजिस्ट्रेट उत्सव गौरव राज ने शुक्रवार को अदालत लगा दी। स्टेशन पर बिना मास्क या बिना टिकट के बेवजह घूम रहे लोगों के खिलाफ मौके पर ही मुकदमा दर्ज कर सुनवाई की गई और फैसला भी मौका पर सुना दिया।  इसमें 85 लोग दंडित किए गए जिनसे 42 हजार से अधिक का जुर्माना वसूला गया, तीन आरोपी जुर्माना न देने के कारण जेल भेज दिए गए।

शुक्रवार को रेलवे के अधिकारियों ने अभियान चलाकर प्लेटफार्म पर बिना मास्क लगाए और बिना टिकट लिए घूम रहे लोगों की धरपकड़ की। इसमें ऐसे वेंडर भी पकड़े गए जो अवैध रूप से खाद्य सामग्री बेच रहे थे। इन लोगों को अदालत के सामने पेश किया गया तो अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (रेलवे मजिस्ट्रेट ) उत्सव गौरव राज ने रेलवे स्टेशन पर अदालत लगाकर सुनवाई शुरू कर दी।

अदालत में इनको पेश किया गया।  इन लोगों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया तो अदालत ने इन्हें अर्थदंड से दंडित किया और 42,250 रुपए जुर्माने के रूप में वसूले  कुल 85 लोग पकड़े गए थे जिनमें तीन आरोपितों ने जुर्माना नहीं जमा किया इसलिए अदालत ने उन्हें सजा भुगतने के लिए जेल भेज दिया इस टीम में रेलवे मजिस्ट्रेट के स्टॉफ आरके शुक्ल, अरुप घोष और अमित? ओझा के अलावा रेलवे के अधिकारी ,जीआरपी एवं आरपीएफ के अधिकारी शामिल रहे।
... और पढ़ें

एएसओ के 13 पदों का अंतिम चयन परिणाम घोषित

उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) ने राज्य नियोजन संस्थान के तहत सहायक सांख्यिकीय अधिकारी (एएसओ) के 13 पदों पर अभ्यर्थियों को अंतिम रूप से चयनित घोषित किया है। हालांकि आयोग ने 22 पदों पर सीधी भर्ती के लिए इंटरव्यू आयोजित किया था, लेकिन अभ्यर्थियों द्वारा आयोग की ओर से निर्धारित अर्हता मानक से कम अंक पाने के कारण अनारक्षित श्रेणी का एक पद, ओबीसी श्रेणी के चार और अनुसूचित जाति श्रेणी के चार पद रिक्त रह गए। इन पदों पर भर्ती के लिए पुनर्विज्ञापन की संस्तुति की गई है।

एएसओ के 22 पदों में 13 पद अनारक्षित, चार पद ओबीसी श्रेणी और पांच पद अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित थे। इनमें से 13 पदों पर चेतन यादव, अखिलेश चंद्र, आनंद कुमार पांडेय, अनिल दत्त, निधि द्विवेदी, संजीव कुमार वर्मा, राम नरेश, योगेंद्र पाल भारद्वाज, अमितेश श्रीवास्तव, ज्योति सिंह, अब्दुल अजीम, संयुक्ता अम्बिका एवं कुलदीप सिंह को अंतिम रूप से चयनित किया गया है।

आयोग ने एएसओ के पदों पर भर्ती के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों से 14 जुलाई 2020 को निर्धारित प्रारूप पर सूचना एवं अभिलेख मांगे थे। अंतिम तिथि 31 जुलाई 2020 तक आयोग को 359 अभ्यर्थियों के शैक्षिक अभिलेख एवं आवेदन पत्र प्राप्त हुए। अभिलेखों के परीक्षण के बाद इस वर्ष पांच, छह एवं सात जुलाई को हुए इंटरव्यू के लिए 100 अभ्यर्थियों को बुलाया गया, जिनमें से 51 अभ्यर्थी साक्षात्कार में शामिल हुए।

कई अभ्यर्थियों की पीसीएस की मार्कशीट फंसी
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग ने पिछले दिनों अपनी वेबसाइट पर पीसीएस 2019 और 2020 की मार्कशीट जारी की थी। पीसीएस 9019 की मुख्य परीक्षा में शामिल हुए कई अभ्यर्थियों की मार्कशीट वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं है। अभ्यर्थियों ने आयोग को ईमेल के माध्यम से आवेदन भेजकर मार्कशीट उपलब्ध कराने की मांग की है। अभ्यर्थियों का कहना है कि मार्कशीट एवं कटऑफ के लिए आयोग की वेबसाइट पर जाने पर ओटीपी प्राप्त हो रहा है, लेकिन वेबसाइट पर लिखकर आ रहा है कि मार्कशीट उपलब्ध नहीं है। प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी प्रशांत पांडेय का कहना है कि अभ्यर्थी यह जानना चाहते हैं कि स्केलिंग न होने की स्थिति में उन्हें कितने अंक मिले, लेकिन मार्कशीट उपलब्ध न होने के कारण अब आयोग की मंशा पर ही सवाल उठ रहे हैं। प्रशांत की मांग है कि आयोग सभी अभ्यर्थी की मार्कशीट अपनी वेबसाट पर शीघ्र उपलब्ध कराए।
... और पढ़ें

प्रतापगढ़ सड़क हादसे में सीएमपी की असिस्टेंट प्रोफेसर सहित चचेरी बहन की मौत, दो भाई गंभीर

Prayagraj News : अर्जिता श्रीवास्तव (फाइल फोटो)। Prayagraj News : अर्जिता श्रीवास्तव (फाइल फोटो)।

गंगा एक्सप्रेसवे के निर्माण में जमीन की बाधा होगी दूर

गंगा एक्सप्रेसवे के निर्माण में जमीन की बाधा अब दूर होने जा रही है। सोरांव में 18.67 हेक्टेयर जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके लिए नोटिस भी जारी कर दिया गया है। 

गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के अंतर्गत प्रयागराज से मेरठ के बीच छह लेन सड़क का निर्माण होना है। प्रयागराज के सोरांव तहसील में करीब 180 हेक्टेयर जमीन इसकी जद में आएगी। इसमें से करीब 158 हेक्टेयर जमीन का बैनामा योजना के नाम हो चुका है। शेष भूखंड के बैनामे की प्रक्रिया अंतिम चरण में है लेकिन 18.677 हेक्टेयर भूखंड को लेकर गतिरोध है। यह जमीन सोरांव के 20 गांवों में है। इसमें से सबसे अधिक 3.4337 हेक्टेयर जमीन पूरबनारा गांव में हैं। शेष जमीन 19 अन्य गांवों में है, जिसे लेकर गतिरोध बना हुआ है।

इसके बड़े भूभाग को लेकर काश्तकारों के बीच विवाद है। कई मामले न्यायालय में भी है। इसके अलावा कई काश्तकार जिले में नहीं हैं या उन्हें मुआवजे की राशि पर आपत्ति है। ऐसे में सड़क का निर्माण प्रभावित न हो, इसके लिए इन भूखंडों के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एडीएम वित्त एवं राजस्व एमपी सिंह ने बताया कि अधिग्रहण के लिए नोटिस जारी कर दिया गया है। निर्धारित दर पर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। विवादित भूखंडों के मुआवजे की राशि न्यायालय में जमा की जाएगी।

अधिग्रहण के लिए नामित होगी  संस्था
जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चयनित संस्था की मदद से पूरी की जाएगी। संस्था का चयन जिला प्रशासन की ओर से किया जाएगा। संस्था के प्रतिनिधि काश्तकारों से संपर्क कर अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी करेंगे।
... और पढ़ें

संगम नगरी के आईएससी, आईसीएसई के 6700 बच्चों के भविष्य का फैसला आज

हत्या का खुलासा : प्रेमिका का पति ही निकला कातिल, काट दिया था प्राइवेट पार्ट

सरायइनायत में राजू हरिजन(28) की हत्या उसकी ही प्रेमिका के पति ने की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करते हुए छह दिन पहले हुए इस हत्याकांड का खुलासा कर दिया। साथ ही हत्या में प्रयुक्त लोढ़ा भी बरामद कर लिया। हत्या में गिरफ्तार आरोपी का चचेरा साला भी शामिल था जिसकी तलाश की जा रही है। हत्यारों ने मृतक का प्राइवेट पार्ट भी काट दिया था।

17 जुलाई को कमरे में मिली थी लाश
राजू मूल रूप से बैरहना, कीडगंज का रहने वाला था और किराना की दुकान में काम करता था। माता-पिता की मौत के बाद वह सरायइनायत के जैतपुर में वेदप्रकाश स्वर्णकार के मकान में किराये पर कमरा लेकर रहने लगा। 17 जुलाई को कमरे के भीतर ही उसकी खून से लथपथ लाश मिली थी। सिर कूंचकर व गला रेतकर उसकी हत्या की गई थी। पुलिस का कहना है कि संदिग्धों की सीडीआर और सर्विलांस से मिली जानकारी के आधार पर मृतक के रिश्तेदार अनिल कुमार निवासी बरियारी थाना सरायइनायत को पकड़कर कड़ाई से पूछताछ की गई तो हत्याकांड का खुलासा हो गया।
... और पढ़ें

शबनम केस: महिला होने के नाते फांसी न देने की मांग, राज्यपाल को भेजी 'सात खून माफ' की अर्जी

कत्ल
अपने ही पूरे परिवार की बेरहमी से हत्या कर देने वाली शबनम को फांसी की सजा से बचाने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट की महिला अधिवक्ता ने पहल की है। परिवार के सात लोगों को मौत के घाट उतारने वाली शबनम की फांसी माफ करने और उसे उम्रकैद में तब्दील करने के लिए अधिवक्ता सहर नकवी ने राज्यपाल आनंदी बेन पटेल को पत्र लिखा है।

पत्र में सहर नकवी ने शबनम की फांसी की सजा को मानवीय आधार पर उम्र कैद में बदले जाने की मांग की है। सहर नकवी की अर्जी में शबनम की फांसी को उम्र कैद में बदले जाने के लिए जो दलीलें दी गईं हैं, उनमें सबसे प्रमुख यह है कि आजाद भारत में आज तक किसी भी महिला को फांसी नहीं हुई है। इसके साथ ही जेल में जन्मे शबनम के 13 साल के बेटे के भविष्य को लेकर भी दुहाई दी गई है। 
... और पढ़ें

साइबर ठगों ने बेटे का रिश्ता करने के नाम पर लगा दिया 38 हजार का चूना

साइबर ठगों ने बेटे का रिश्ता करने के नाम पर जार्जटाउन निवासी नीरज श्रीवास्तव को 38 हजार का चूना लगा दिया। ठगों ने पहले रिश्ता तय किया और फिर अचानक खुद के मुसीबत में फंसे होने का हवाला देकर खाते में रकम ट्रांसफर करा ली। बाद में नंबर बंद होने पर उन्हें ठगे जाने का अहसास हुआ। जिसके बाद उन्होंने थाने में तहरीर देकर नंबर के आधार पर तीन लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई है।

जार्जटाउन निवासी नीरज ने बेटी की शादी के लिए मैट्रिमोनियल एड दिया था। पुलिस के मुताबिक, एक दिन उनके पास अपना नाम सतीश श्रीवास्तव बताकर एक व्यक्ति ने फोन किया और अपने बेटे के विवाह का प्रस्ताव दिया। इसके बाद व्हाट्सएप से फोटो-बायोडाटा का आदान प्रदान हुआ और दोनों पक्षों के बीच बात लगभग तय हो गई। एक दिन सतीश ने फोन कर बताया कि वह सपरिवार दर्शन करने के लिए उत्तराखंड जा रहे हैं। पांच दिन बाद फोन कर बताया कि उनके साथ लूटपाट हो गई है और उनकी नातिन एडमिट है।

तत्काल 60 हजार रुपयों की जरूरत है। भुक्तभोगी ने बताया कि संकट में जानकर उन्होंने फोन पे के माध्यम से 38 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद सभी का मोबाइल नंबर बंद हो गया। शंका होने पर वह बैंक गए तो पता चला कि उक्त रकम सीताराम शर्मा के खाते में ट्रांसफर हुई। यह खाता राजस्थान के दौसा जनपद स्थित केनरा बैंक की बांदीकुई शाखा में खुलवाया गया था। जार्जटाउन पुलिस ने बताया कि तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर जांच पड़ताल की जा रही है।

खाते से 85 हजार उड़ाए
जार्जटाउन निवासी वंशराजी देवी के खाते से साइबर ठगों ने 85 हजार रुपये उड़ा दिए। सीवाई चिंतामणि रोड निवासी भुक्तभोगी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया है कि उनका खाता यूनियन बैंक की अलोपीबाग शाखा में है। खाते से 85 हजार रुपये बिना उनकी जानकारी के निकाल लिए गए। पुलिस ने अज्ञात में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 
... और पढ़ें

तीन माह के ब्रेक के बाद हुई रेलवे एनटीपीसी परीक्षा, 40 फीसदी रहे उपस्थित

रेलवे में तीन माह के अंतराल के बाद नॉन टेक्निकल पॉपुलर कैटेगरी (एनटीपीसी) के विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा का आखिरी चरण शुक्रवार को शुरू हुआ। एनटीपीसी के सातवें चरण की परीक्षा में 10481 परीक्षार्थियों को परीक्षा के लिए बुलाया गया था। इसमें से 40.41 फीसदी परीक्षार्थी ही परीक्षा देने के लिए अपने परीक्षा केंद्रों पर पहुंचे।  

दरअसल रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) की ओर से एनटीपीसी की परीक्षा पिछले वर्ष 28 दिसंबर से शुरू हुई थी। परीक्षार्थियों की रिकार्ड संख्या को देखते हुए परीक्षा सात चरणों में करवाने की तैयारी की गई। परीक्षा का छठा चरण आठ अप्रैल तक संपन्न हो गया था, लेकिन कोरोना की दूसरी लहर की वजह से परीक्षा का सातवां और आखिरी चरण अगली सूचना तक के लिए बढ़ा दिया गया। कोरोना की दूसरी लहर का प्रकोप थमने के बाद परीक्षा का सातवां चरण 23 जुलाई से कराने का निर्णय लिया गया। बृहस्पतिवार से इसकी शुरुआत हुई।

आरआरबी प्रयागराज के चेयरमैन आरए जमाली ने बताया कि परीक्षा आज सात शहरों के 37 केंद्रों में दो पॉलियों में हुई। प्रयागराज में  परीक्षा के लिए सर्वाधिक 12 केंद्र बनाए गए। पहली पॉली में 5254 एवं दूसरी पॉली में 5227 परीक्षार्थियों को परीक्षा के लिए बुलावा पत्र भेजा गया था। इसमें से पहली पॉली में 2137 और दूसरी पॉली में 2099 परीक्षार्थी ही शामिल हुए। उन्होंने बताया कि परीक्षा सभी केंद्रों में शांति पूर्ण ढंग से हुई। परीक्षा अब 24, 26 और 31 जुलाई को भी होनी है। आज पहले दिन 6245 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।
... और पढ़ें

बैंक मैनेजर की हत्या के आरोपी की जमानत सत्र न्यायालय से खारिज

इलाहाबाद बैंक के बांका जलालपुर शाखा प्रबंधक अनिल कुमार दोहरे की हत्या के एक आरोपी की जमानत अर्जी सत्र न्यायालय ने खारिज कर दी है। यह आदेश अपर सेशन जज संजय कुमार शुक्ल ने आरोपित नूरूल हसन के जमानत प्रार्थना पत्र पर उनके अधिवक्ता एवं एडीजीसी अखिलेश सिंह बिसेन के तर्कों को सुन कर दिया।

अदालत ने कहा कि मामले की परिस्थितियों अपराध की गंभीरता को देखते हुए जमानत प्रार्थना पत्र स्वीकार किए जाने का कोई पर्याप्त आधार नहीं है। अभियोजन पक्ष की ओर से तर्क दिया गया था कि बैंक प्रबंधक जब अपने कार्यालय जा रहे थे तो रास्ते में रोककर गोलियों से भून दिया गया और संपत्ति लूट ली गई। यह जघन्य अपराध है आरोपित की ओर से तर्क दिया गया था कि उसे सह अभियुक्त के बयान के आधार पर आरोपी बना दिया गया है।

यह था मामला
नवीन कुमार अग्रवाल (कर्मचारी इलाहाबाद बैंक) ने मऊआइमा थाने में 19 जुलाई 2019 को प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि बांका जलालपुर मऊआइमा इलाहाबाद बैंक के शाखा प्रबंधक अनिल कुमार दोहरे के साथ सिविल लाइंस से कार द्वारा बैंक शाखा जा रहे थे। गाड़ी को अनिल कुमार दोहरे चला रहे थे। जैसे ही प्राइमरी स्कूल जलालपुर पहुंचे, चार लोगों ने अनिल कुमार दोहरे पर गोली चला दी, जो कि उन्हें पेट में लगी। एसआरएन अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मृत्यु हो गई। संवाद
... और पढ़ें

ड्यूटी से गैर हाजिर रहने वाले सरकारी वकीलों पर होगी कार्रवाई

हाईकोर्ट में नियुक्त सरकारी वकीलों की अदालतों में उपस्थिति को लेकर राज्य सरकार ने निर्देश जारी किया है। गत दिनों इस मामले में हाईकोर्ट की कड़ी फटकार के बाद प्रदेश सरकार ने आदेश जारी कर सरकारी वकीलों को तत्परता से ड्यूटी करने की चेतावनी दी है। ऐसा न करने वालों को कार्रवाई की चेतावनी दी है। प्रमुख सचिव न्याय ने सभी राज्य विधि अधिकारियों को सुनवाई के समय निर्धारित ड्यूटी वाली कोर्ट में मौजूद रहने का निर्देश दिया है। साथ ही कहा है कि किसी सरकारी वकील के अनुपस्थित रहने पर कोर्ट को परेशानी हुई तो उसकी आबद्धता समाप्त कर दी जाएगी।

गत दिनों एक मुकदमे की सुनवाई के दौरान सरकारी वकील अदालत को अपेक्षित जवाब नहीं दे पाए। हालांकि कोर्ट में कई सरकारी वकीलों की ड्यूटी लगी थी मगर एक को छोड़कर अन्य कोई अदालत में उपस्थित नहीं था। इस पर अदालत ने  प्रमुख सचिव न्याय को तलब कर लिया। उस समय कोर्ट को बताया गया था कि वहां छह राज्य विधि अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। आदेश पर प्रमुख सचिव न्याय ने कोर्ट में उपस्थित होकर सात दिन में एक्शन लेने और उचित व्यवस्था करने का आश्वासन दिया।

विशेष सचिव राकेश कुमार शुक्ल ने इसी के बाद आदेश जारी कर सभी राज्य विधि अधिकारियों को सुनवाई के समय कोर्ट में उपस्थित रहने का निर्देश दिया ताकि कोर्ट को कोई असुविधा न होने पाए। इससे पहले राज्य सरकार ने कोरोना काल में बहस करने और बहस न करने वाले सभी सरकारी वकीलों की फीस में 20 से 30 फीसदी की कटौती करने का आदेश दिया था। हाईकोर्ट प्रशासन ने भी एक कोर्ट में एक साथ केवल छह अधिवक्ताओं के ही मौजूद रहने का निर्देश देते हुए कहा था कि केवल दो ही सरकारी वकील कोर्ट सुनवाई में मौजूद रहेंगे।

बताते हैं कि इसी छूट का फायदा उठाकर कई सरकारी वकील कोर्ट में नहीं आते। बहस करने वाले वकीलों पर ही कोर्ट को सहयोग देने का बोझ रहता है। आपराधिक अपील पर बिना तैयारी ठीक से बहस नहीं हो सकती लिहाजा कोर्ट ने कहा कि बारी-बारी अन्य सरकारी वकील केस तैयार कर सहयोग दें।
... और पढ़ें

सिपाही ने दुष्कर्म के बाद बनाया वीडियो, तोड़वा दी युवती की शादी

पुलिस विभाग के एक सिपाही ने मऊआइमा में युवती से दुष्कर्म किया और फिर वीडियो भी बना लिया। इसके बाद से पिछले पांच सालों से वह उसे ब्लैकमेल कर रहा है। यही नहीं उसकेहोने वाले पति के पास अश्लील वीडियो व तस्वीर भेजकर शादी भी तोड़वा दी। पीड़ित युवती ने शुक्रवार को कार्यालय पहुंचकर डीआईजी से कार्रवाई की गुहार लगाई।

मऊआइमा केएक गांव की रहने वाली 19 वर्षीय युवती ने बताया कि चार साल पहले उसकी मुलाकात गांव में ही रहने वाले एक युवक से हुई। तब वह हाईस्कूल में पढ़ती थी। युवक ने मेलजोल बढ़ाया और फिर अपनी बातों में फंसाकर उससे शारीरिक संबंध भी बनाए। इस दौरान अश्लील तस्वीरें खींचने केसाथ ही वीडियो भी बना लिया। फिर इसके बाद से लगातार ब्लैकमेल कर रहा है।

सिपाही बनने के बाद और बढ़ गईं हरकतें
तीन साल पहले आरोपी पुलिस विभाग में सिपाही के पद पर चयनित हो गया। वर्तमान में वह कानपुर देहात में तैनात है। युवती का आरोप है कि इसके बाद भी उसने उसका पीछा नहीं छोड़ा। बल्कि सिपाही बनने के बाद से उसे ज्यादा परेशान किया जाने लगा। इसी दौरान उसकी शादी तय हुई तो आरोपी ने उसके होने वाले पति के पास अश्लील तस्वीरें व वीडियो भेजकर शादी तोड़वा दी। यही नहीं दिल्ली में रहने वाले उसके पिता को भी धमकाया। बेटी की शादी करने पर अंजमा बुरा होने की बात कही। जिसके बाद शुक्रवार को पीड़ित युवती ने परिजनों संग पहुंचकर डीआईजी से कार्रवाई की गुहार लगाई। मामले में पुलिस अफसरों का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है। 
... और पढ़ें
Election
  • Downloads

Follow Us