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Kaushambi : छल, कपट और धोखे की शिकार की किशोरी को मिला इंसाफ

अमर उजाला नेटवर्क, कौशांबी Published by: इलाहाबाद ब्यूरो Updated Fri, 30 Sep 2022 12:59 AM IST
सार

सैनी इलाके की एक किशोरी को आखिरकार आठ साल की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद इंसाफ मिला। अभियोजन के मुताबिक इसके बाद किशोरी को कानपुर रेलवे स्टेशन पर छोड़ दिया गया।साथ ही आरोपितों को कड़ी सजा सुनाए जाने की अपील की।

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विस्तार

सैनी इलाके की एक किशोरी को आखिरकार आठ साल की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद इंसाफ मिला। किशोरी के साथ छल, कपट और धोखा सब कुछ हुआ लेकिन साक्ष्य नहीं साबित हो पाने के कारण अदालत ने तीन आरोपियों को बरी कर दिया। घटना में नामजद रहे दो लोगों को दस साल की सजा सुनाई गई है।



सैनी कोतवाली इलाके के एक गांव में रहने वाली किशोरी का 24 अप्रैल 2014 को गांव के इरसाद अली ने अपहरण कर लिया। किशोरी के पिता की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन की तो वह 29 अप्रैल को बरामद हो गई। किशोरी को मेडिकल परीक्षण के जिला अस्पताल लाया गया। यहां से उसे करारी के मकसूद, पप्पू उर्फ उस्मान अगवा कर ले गए। इसके बाद करारी इलाके के एक गांव में रखकर किशोरी के साथ दुष्कर्म किया गया। अभियोजन के मुताबिक इसके बाद किशोरी को कानपुर रेलवे स्टेशन पर छोड़ दिया गया।



यहां किशोरी की मुलाकात रतापुर थाना सिकंदरा जिला कानपुर देहात निवासी सौरभ दीक्षित से हुई। सौरभ मदद के बहाने उसे झांसी ले गया। वहां वह किशोरी के साथ दुष्कर्म किया बाद में वह कानपुर में उसे किराए के कमरे में रखा। बाद में सौरभ ने उसे अपने साथी राज यादव निवासी बबुनी कशिया रोड थाना कोतवाली जिला देवरिया के हवाले कर दिया। राज यादव भी कानपुर मे रहता था।


राज यादव ने भी किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। किसी तरह से बचकर निकली किशोरी ने अपने पिता को फोन कर घटना की जानकारी दी। इस मामले में दो एफआईआर दर्ज हुई थी। मामले में पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। यह मामला विशेष न्यायाधीश पोस्को अरविंद कुमार द्वितीय की अदालत में विचाराधीन था।
अभियोजन से एडीजीसी रमेश चंद्र त्रिपाठी ने पीड़िता सहित सात लोगों की गवाही कराई। साथ ही आरोपितों को कड़ी सजा सुनाए जाने की अपील की। इस पर अदालत ने राज यादव व सौरभ दीक्षित को दोषी करार देते हुए 10 साल की कैद व 20 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। सजा सुनाए जाने के बाद कोर्ट मोहर्रिर मोनिका ने आरोपियों को कस्टडी में लेकर जेल भेज दिया।

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